महाशिवरात्रि पर उमड़ा आस्था का सैलाब, बदेवरानाथ व कोटारनाथ धाम में हजारों श्रद्धालुओं ने किया जलाभिषेक

महाशिवरात्रि पर उमड़ा आस्था का सैलाब, बदेवरानाथ व कोटारनाथ धाम में हजारों श्रद्धालुओं ने किया जलाभिषेक

महाशिवरात्रि पर उमड़ा आस्था का सैलाब, बदेवरानाथ व कोटारनाथ धाम में हजारों श्रद्धालुओं ने किया जलाभिषेक

मीरजापुर, 15 फ़रवरी । फाल्गुनी महाशिवरात्रि पर जनपद के शिवालयों में भोर से ही आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। जिगना क्षेत्र के बदेवरा चौबे गांव स्थित बाबा बदेवरानाथ धाम में सुबह होते ही भक्तों की लम्बी कतारें लग गईं। करीब 50 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन-पूजन कर स्वयं को कृतार्थ किया।

भोलेनाथ के जलाभिषेक के लिए लगभग 500 मीटर लम्बी कतार लगी रही। भोर में बाबा का भव्य श्रृंगार भांग, धतूरा, शमी पत्ता, बेलपत्र, चमेली, गेंदा और गुलाब के फूलों से किया गया। आकर्षक झांकी ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। मंदिर के पुजारी महेंद्र गिरी ने बताया कि प्रवेश और निकास द्वार संकरा होने से श्रद्धालुओं को असुविधा होती है।

थाना प्रभारी संजय सिंह ने बताया कि भीड़ नियंत्रण के लिए पुलिस व पीएसी के जवान तैनात रहे। शोहदों व मनचलों पर सख्ती बरतते हुए कई को पकड़कर मेला क्षेत्र से बाहर किया गया। भीड़ का लाभ दुकानदारों को भी मिला। मूसल, बेलन व बांस से बने सामानों की जमकर बिक्री हुई। प्रधान माहेश्वरी उपाध्याय ने बताया कि खोया-पाया केंद्र के लिए ध्वनि विस्तारक यंत्र की व्यवस्था की गई थी।

उधर हलिया क्षेत्र के कोटार गांव स्थित कोटारनाथ मंदिर में भी महाशिवरात्रि पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। भक्तों ने अदवा नदी में स्नान कर नारियल, चुनरी, दूध और गंगाजल के साथ जलाभिषेक किया। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर सीओ अमर बहादुर सिंह ने सुबह ही चक्रमण कर हालात का जायजा लिया और थानाध्यक्ष राजीव कुमार श्रीवास्तव को मुस्तैदी के निर्देश दिए।

मान्यता है कि महाशिवरात्रि के दिन भगवान शिव ने तांडव नृत्य किया और जगत कल्याण के लिए विषपान किया था। इसी आस्था के साथ शिवालयों में हर-हर महादेव के जयकारे गूंजते रहे।