योगी के ड्रीम प्रोजेक्ट विंध्य कॉरिडोर में गुणवत्ता से समझौता नहीं, थर्ड पार्टी करेगी जांच

योगी के ड्रीम प्रोजेक्ट विंध्य कॉरिडोर में गुणवत्ता से समझौता नहीं, थर्ड पार्टी करेगी जांच

योगी के ड्रीम प्रोजेक्ट विंध्य कॉरिडोर में गुणवत्ता से समझौता नहीं, थर्ड पार्टी करेगी जांच

मीरजापुर, 25 जनवरी । विंध्याचल धाम की पहचान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई ऊंचाई देने वाला विंध्य कॉरिडोर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ड्रीम प्रोजेक्ट माना जाता है। श्रद्धालुओं की सुविधा, पर्यटन विकास और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देने वाले इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट को लेकर प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में है। इसी क्रम में जिलाधिकारी पवन कुमार गंगवार ने नवीन कलेक्ट्रेट के अनावसीय भवन और पर्यटन विभाग की निर्माणाधीन परियोजनाओं को लेकर कहा है कि विंध्य कॉरिडोर से जुड़ा हर निर्माण कार्य तय समय और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा होना चाहिए।

जिलाधिकारी ने कहा कि विंध्य कॉरिडोर सिर्फ एक निर्माण परियोजना नहीं, बल्कि प्रदेश सरकार की विकास दृष्टि और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक है। ऐसे में किसी भी स्तर पर लापरवाही, देरी या घटिया निर्माण न केवल अस्वीकार्य है, बल्कि कार्रवाई का कारण बनेगा।



जिलाधिकारी ने विंध्य कॉरिडोर के समीप निर्माणाधीन सेफ हाउस की प्रगति पर विशेष चिंता जताई। राजकीय निर्माण निगम के परियोजना प्रबंधक को निर्देश दिए गए कि 20 फरवरी तक सेफ हाउस का भूतल कार्य अनिवार्य रूप से पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि यह परियोजना सीधे श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा से जुड़ी है, इसलिए इसमें किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।



थर्ड पार्टी जांच अनिवार्य

मुख्यमंत्री के ड्रीम प्रोजेक्ट से जुड़े कार्यों की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी ने सभी कार्यदायी संस्थाओं और प्रभारी अधिकारी पर्यटन संजीव कुमार को निर्देशित किया कि निर्माण सामग्री और कार्य की गुणवत्ता की थर्ड पार्टी से भी नियमित जांच कराई जाए। उन्होंने दो टूक कहा कि गुणवत्ता के साथ समझौता हुआ तो जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई तय है।



गंगा किनारे पाथवे और घाट निर्माण की समीक्षा

जिलाधिकारी ने गंगा नदी के किनारे पाथवे, घाटों के सौंदर्यीकरण और मल्टी स्टोरी पार्किंग की प्रगति की भी गहन समीक्षा की। उन्होंने कहा कि विंध्याचल आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और स्वच्छ वातावरण मिलना चाहिए, यही मुख्यमंत्री की मंशा है।



सड़कों की मरम्मत भी प्राथमिकता

लोक निर्माण विभाग और नगर पालिका परिषद मीरजापुर को निर्देश दिए गए कि जल निगम द्वारा कार्य पूर्ण किए जाने के बाद क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत तत्काल कराई जाए, ताकि कॉरिडोर क्षेत्र और नगर में आवागमन बाधित न हो।



विकास में कोई समझौता नहीं

जिलाधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ड्रीम प्रोजेक्ट ‘विंध्य कॉरिडोर’ को लेकर प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। यह सिर्फ निर्माण नहीं, बल्कि आस्था, पर्यटन और विकास को एक सूत्र में पिरोने का प्रयास है। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही के लिए अब कोई जगह नहीं छोड़ी गई है।

---------------