उप्र में प्रतिबंधित चीनी मांझे के उपयोग पर सरकार सख्त

-मुख्यमंत्री ने कहा- चीनी मांझे से मौत हुई ताे दर्ज होगा हत्या का मुकदमा

उप्र में प्रतिबंधित चीनी मांझे के उपयोग पर सरकार सख्त

लखनऊ , 05 फ़रवरी। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के हैदरगंज में चीनी मांझे से एक युवक की गर्दन कटने से हुई मौत की घटना को शासन ने गंभीरता से लेते हुए इस पर पहले से लगे प्रतिबंध को कड़ाई के साथ लागू करने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मामले में सख्त रुख अख्तियार करते हुए इससे मौत होने पर हत्या का मुकदमा दर्ज करने का भी आदेश दिया है।

मुख्यमंत्री ने पुलिस अधिकारियों को प्रदेश भर में बड़े पैमाने पर छापेमारी और अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। यह फैसला लखनऊ में एक दिन पहले हुई घटना के बाद लिया गया हैै। बुधवार शाम को हैदरगंज ओवरब्रिज के पास बाइक से जा रहे 33 वर्षीय मोहम्मद शोएब निवासी दुबग्गा के गले में अचानक चीनी मांझा फंसने से उनकी गर्दन की नसें कट गयीं, जिससे खून से लथपथ होकर वे बाइक समेत सड़क पर गिर पड़े और करीब 10 मिनट तक तड़पते रहे। राहगीरों ने उन्हें तुरंत ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। इस हादसे से इलाके में भारी आक्रोश फैल गया और लोग प्रतिबंधित मांझे की खुलेआम बिक्री पर सवाल उठाने लगे।

राज्य सरकार के प्रवक्ता ने गुरुवार को बताया कि मुख्यमंत्री ने इस घटना का संज्ञान लिया है। उन्होंने पूछा कि जब चीनी मांझे पर पहले से ही प्रतिबंध है, तो बाजार में यह कैसे उपलब्ध हो रहा है? उन्होंने साफ कहा कि अब ऐसे धागे से होने वाली किसी भी मौत को हत्या माना जाएगा और दोषियों पर उसी आधार पर सख्त कार्रवाई होगी। मुख्यमंत्री ने पूरे प्रदेश में विशेष अभियान चलाने के आदेश दिए हैं। पुलिस को निर्देश दिया गया है कि जिलेवार छापेमारी कर मांझे की बिक्री, भंडारण, सप्लाई करने वालों को पकड़ा जाए। अवैध सप्लाई चेन की पहचान कर बड़े स्तर पर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। इसकी उच्च स्तर पर समीक्षा भी होगी।