प्रयागराज–फतेहपुर रेलखंड का दो दिवसीय इंटर-रेलवे सेफ्टी ऑडिट शुरू

प्रयागराज–फतेहपुर रेलखंड का दो दिवसीय इंटर-रेलवे सेफ्टी ऑडिट शुरू

प्रयागराज–फतेहपुर रेलखंड का दो दिवसीय इंटर-रेलवे सेफ्टी ऑडिट शुरू



प्रयागराज,12 अगस्त। रेल परिचालन में संरक्षा मानकों को और मजबूत करने के उद्देश्य से पश्चिम मध्य रेलवे की सेफ्टी ऑडिट टीम ने प्रयागराज मंडल में दो दिवसीय इंटर-रेलवे सेफ्टी ऑडिट शुरू किया है। बुधवार को टीम ने प्रयागराज–फतेहपुर रेलखंड के विभिन्न स्टेशनों, यार्ड, लेवल क्रॉसिंग, पुल, पॉइंट एवं क्रॉसिंग सहित अन्य महत्वपूर्ण संरक्षा संस्थापनों का विस्तृत निरीक्षण किया। यह जानकारी बुधवार को उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल के जनसंपर्क अधिकारी अमित कुमार सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि प्रमुख मुख्य संरक्षा अधिकारी, पश्चिम मध्य रेलवे, मनोज गुरुमुखी के मार्गदर्शन में ऑडिट टीम का नेतृत्व राजेश दत्त बाजपेयी, सीटीपीएम एवं पश्चिम मध्य रेलवे ने किया। टीम में प्रदीप कुमार, सीई,जी पश्चिम मध्य रेलवे, आशीष के. कुलहाड़ा, सीएमई एवं पीएलजी, माही पाल सिंह, सीसीई एवं पश्चिम मध्य रेलवे तथा सुरेंद्र यादव, सीईएलई एवं पश्चिम मध्य रेलवे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी शामिल रहे।

ऑडिट के दौरान टीम ने भरवारी स्टेशन एवं यार्ड, लेवल क्रॉसिंग गेट एलसी-13ए, पॉइंट एवं क्रॉसिंग, कर्व संख्या-12 यूपी, सिराथू–अथसराय के बीच डाउन लाइन पर मेजर ब्रिज संख्या-109 (गर्डर ब्रिज), एलएचएस संख्या-40 तथा फतेहपुर स्टेशन एवं यार्ड का निरीक्षण किया।भरवारी स्टेशन पर स्टेशन और यार्ड की व्यवस्थाओं के साथ लेवल क्रॉसिंग, पॉइंट एवं क्रॉसिंग तथा कर्व का जायजा लिया गया। अधिकारियों ने मौके पर कार्यरत कर्मचारियों से संरक्षा नियमों, उनकी जिम्मेदारियों और कार्यप्रणाली से संबंधित जानकारी भी ली। इसके माध्यम से कर्मचारियों की संरक्षा जागरूकता एवं निर्धारित प्रक्रियाओं के पालन की स्थिति का आकलन किया गया।इसके बाद टीम ने मेजर ब्रिज संख्या-109 और एलएचएस संख्या-40 का निरीक्षण कर इनसे जुड़ी संरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा की। फतेहपुर स्टेशन एवं यार्ड में पॉइंट, एसईजे, रिले रूम तथा अन्य महत्वपूर्ण संरक्षा व्यवस्थाओं का भी गहन निरीक्षण किया गया। टीम ने संबंधित अधिकारियों से तकनीकी जानकारी लेने के साथ आवश्यक अभिलेखों और व्यवस्थाओं का परीक्षण किया।इस ऑडिट का उद्देश्य रेलखंड में संरक्षा मानकों के अनुपालन की स्थिति का आकलन करना, फील्ड स्तर पर व्यवस्थाओं की प्रभावशीलता की समीक्षा करना तथा संभावित सुधार के क्षेत्रों की पहचान करना है। ऑडिट के दौरान सामने आने वाले बिंदुओं के आधार पर आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने में भी मदद मिलेगी।प्रयागराज मंडल की ओर से अपर मंडल रेल प्रबंधक एवं परिचालन एम.एम. वारिस और वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी यू.सी. शुक्ला सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी टीम के साथ मौजूद रहे। मंडल के अधिकारियों ने ऑडिट टीम को आवश्यक तकनीकी जानकारी, अभिलेख और अन्य विवरण उपलब्ध कराए।

ऑडिट के दूसरे दिन 13 अगस्त को प्रयागराज स्टेशन पर एआरटी एवं एआरएमई, लॉबी और रनिंग रूम का निरीक्षण प्रस्तावित है। इसके बाद सेफ्टी ऑडिट टीम मंडल रेल प्रबंधक, प्रयागराज के साथ बैठक करेगी।

प्रयागराज मंडल के जनसंपर्क अधिकारी अमित कुमार सिंह ने बताया कि इंटर-रेलवे सेफ्टी ऑडिट के माध्यम से संरक्षा व्यवस्थाओं और निर्धारित मानकों के अनुपालन की व्यापक समीक्षा की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निरीक्षणों से फील्ड स्तर पर संभावित कमियों की पहचान कर आवश्यक सुधारात्मक उपाय समयबद्ध तरीके से लागू करने में सहायता मिलती है। मंडल रेल परिचालन में उच्चतम स्तर की संरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नियमित निरीक्षण और समीक्षा को प्राथमिकता दे रहा है।