मुखर्जी नगर में विद्यार्थियों के बीच पहुंचीं मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, समस्याएं सुन अधिकारियों को दिए समाधान के निर्देश

मुखर्जी नगर में विद्यार्थियों के बीच पहुंचीं मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, समस्याएं सुन अधिकारियों को दिए समाधान के निर्देश

मुखर्जी नगर में विद्यार्थियों के बीच पहुंचीं मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, समस्याएं सुन अधिकारियों को दिए समाधान के निर्देश

नई दिल्ली, 14 अक्टूबर ।दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार देर शाम राजधानी के प्रमुख शैक्षणिक एवं कोचिंग हब मुखर्जी नगर क्षेत्र का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने चाय की दुकान पर विद्यार्थियों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं और पढ़ाई, आवास, महिला सुरक्षा तथा बुनियादी नागरिक सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों और विभिन्न विश्वविद्यालयों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं ने मुख्यमंत्री के समक्ष अपनी समस्याएं रखीं। विद्यार्थियों ने निःशुल्क लाइब्रेरी की कमी, पीजी के अधिक किराए, जमानत राशि, दलाली, पेयजल, सफाई, स्ट्रीट लाइट, सीसीटीवी और सार्वजनिक शौचालयों की स्थिति जैसे मुद्दे उठाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के विभिन्न राज्यों से दिल्ली में शिक्षा प्राप्त करने आए युवा राजधानी के परिवार का हिस्सा हैं। उनकी सुविधाओं, सुरक्षा और बेहतर भविष्य के लिए अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है।

विद्यार्थियों ने क्षेत्र में किफायती लाइब्रेरी की कमी और मौजूदा लाइब्रेरी के बार-बार बंद होने से पढ़ाई प्रभावित होने की समस्या बताई। इस पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को लाइब्रेरी की स्थिति, भवन संबंधी कमियों और सुरक्षा मानकों की जांच कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्थानीय विधायक और अधिकारियों से खाली प्लॉट तथा उपलब्ध सामुदायिक भवनों में उपयुक्त स्थान चिह्नित करने को कहा, ताकि विद्यार्थियों के लिए निःशुल्क लाइब्रेरी विकसित की जा सके।

विद्यार्थियों ने पीजी के अधिक किराए, जमानत राशि और दलाली के कारण होने वाले खर्च की समस्या भी उठाई। उन्होंने बताया कि पर्याप्त हॉस्टल उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें निजी पीजी या किराये के कमरों में रहना पड़ता है। छोटे कमरों, सीमित वेंटिलेशन, भोजन की गुणवत्ता और आसपास चलने वाले निर्माण कार्यों से भी उन्हें परेशानी होती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विद्यार्थियों की आवास संबंधी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए पीजी पॉलिसी और नए हॉस्टलों की उपलब्धता जैसे विषयों पर काम किया जा रहा है, ताकि उन्हें बेहतर और व्यवस्थित आवास सुविधाएं मिल सकें।

छात्राओं ने देर शाम आवागमन के दौरान सुरक्षा संबंधी कठिनाइयों और कुछ स्थानों पर पर्याप्त रोशनी नहीं होने की शिकायत की। मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों और पुलिस प्रतिनिधियों को स्ट्रीट लाइट तथा सीसीटीवी कैमरों की स्थिति की समीक्षा करने और आवश्यक सुधार करने के निर्देश दिए। नियमों के विरुद्ध गहरे रंग की फिल्म लगे वाहनों के आवागमन की शिकायत पर भी उन्होंने पुलिस को नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा।

मुख्यमंत्री ने क्षेत्र में लंबे समय से बंद पड़े सार्वजनिक शौचालय को पिंक टॉयलेट के रूप में विकसित कर जल्द चालू कराने के निर्देश दिए। उन्होंने सार्वजनिक शौचालयों की उपलब्धता और नियमित रखरखाव सुनिश्चित करने के साथ जरूरत के अनुसार अतिरिक्त शौचालय ब्लॉक के लिए उपयुक्त स्थान चिह्नित करने को भी कहा।

मुखर्जी नगर, नेहरू विहार और आसपास की कॉलोनियों में रहने वाले विद्यार्थियों ने गलियों में गंदगी, कूड़े और दुर्गंध की समस्या उठाई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने और मुख्य सड़कों के साथ छोटी गलियों तथा आवासीय क्षेत्रों में भी सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

विद्यार्थियों ने बारिश के दौरान सीवर का पानी पेयजल आपूर्ति में मिलने की आशंका और पानी की गुणवत्ता को लेकर भी चिंता जताई। मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को शिकायत की जांच कराने और पेयजल की गुणवत्ता तथा आपूर्ति व्यवस्था में आवश्यक सुधार करने के निर्देश दिए।

विद्यार्थियों ने रात के समय तेज आवाज में लाउडस्पीकर बजने से पढ़ाई प्रभावित होने की शिकायत की। मुख्यमंत्री ने कहा कि लाउडस्पीकर के इस्तेमाल में निर्धारित समय-सीमा और ध्वनि संबंधी नियमों का पालन अनिवार्य है। उन्होंने विद्यार्थियों से ऐसी शिकायतें संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाने की अपील की, ताकि नियमानुसार कार्रवाई की जा सके।

कोचिंग संस्थानों और लाइब्रेरी में अग्नि सुरक्षा तथा सुरक्षित निकास मार्गों को लेकर विद्यार्थियों की चिंताओं पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को भवनों की उपयुक्तता, निकास मार्ग और अग्नि सुरक्षा मानकों की जांच करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि विद्यार्थियों की सुरक्षा सर्वोपरि है और शैक्षणिक गतिविधियों से जुड़े भवनों में सुरक्षा नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाना चाहिए।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि मुखर्जी नगर, नेहरू विहार और आसपास के क्षेत्रों में रहकर शिक्षा तथा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवा विकसित भारत की नींव हैं। इनमें से अनेक युवा भविष्य में प्रशासनिक अधिकारी, डॉक्टर, इंजीनियर और विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ बनकर देश के विकास में योगदान देंगे।

उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं, सुरक्षित वातावरण और अनुकूल आवास उपलब्ध कराना आवश्यक है। सरकार का प्रयास है कि दिल्ली में पढ़ाई करने वाले युवाओं को ऐसा माहौल मिले, जहां वे बिना किसी परेशानी के अपनी शिक्षा पर ध्यान केंद्रित कर सकें और अपने भविष्य के लक्ष्यों को हासिल कर सकें।