दुष्कर्म के आरोपित हबीब के आठ साल कैद की सजा से थोड़ी राहत
दुष्कर्म के आरोपित हबीब के आठ साल कैद की सजा से थोड़ी राहत
प्रयागराज, 15 मई । इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने खेत में सरसों के पत्ते लेने गई नौ साल की बच्ची का लुंगी से मुंह बांधकर दुष्कर्म करने के आरोपित हबीब को सत्र अदालत से आठ साल की सजा पर्याप्त माना।
किंतु सात साल की सजा काट लेने और आयु को देखते हुए काटी गई अवधि की सजा सुनाई है। और सत्र अदालत के फैसले को तदनुसार संशोधित कर दिया है।
यह आदेश न्यायमूर्ति तेज प्रताप तिवारी ने सभी परिस्थितियों पर विचार करते हुए दिया है। आरोपित के खिलाफ बरेली के इज्जतनगर थाने में नाबालिग से दुष्कर्म के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई।
26 अक्टूबर 85 की घटना की अपर सत्र न्यायाधीश ने सुनवाई की और 18 दिसंबर 86 को दोषी करार देते हुए आठ साल की कैद की सजा सुनाई। जिसके खिलाफ अपील दायर की गई थी।
आरोपित घटना के समय 6 साल 9 महीने का था। उसने नौ साल की पीड़िता से दुष्कर्म किया। खून से लथपथ पीड़िता के पिता ने एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस चार्जशीट पर अदालत ने सजा सुनाई। जिसके खिलाफ अपील आंशिक रूप से हाईकोर्ट ने स्वीकार कर ली।