धर्म, राष्ट्र की रक्षा के लिए राम जी की सेना बनो : धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री

धर्म, राष्ट्र की रक्षा के लिए राम जी की सेना बनो : धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री

धर्म, राष्ट्र की रक्षा के लिए राम जी की सेना बनो : धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री

प्रयागराज, 24 अप्रैल । प्रयाग उत्थान समिति के कार्यकर्ताओं की बैठक ठाकुर हरनारायण सिंह डिग्री कॉलेज के सभागार में शुक्रवार को हुई। इस अवसर पर बाबा बागेश्वर धाम पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने समिति के सभी कार्यकर्ताओं से भेंट किया और कहा कि समिति के अध्यक्ष डॉ उदय प्रताप सिंह के संयोजन में और कार्यकर्ताओं की अभूतपूर्व मेहनत से विराट राष्ट्र हनुमंत कथा सफल हुआ। इसके लिए सभी कार्यकर्ताओं को बधाई देता हूं।

उन्होंने कहा कि इस भीषण गर्मी में हनुमान जी की कृपा से संगम में महासंगम लगा। आस्था का अद्भुत जन समंदर दिखा और कोई भी अप्रिय घटना नहीं हुई। कहा कि सबसे बड़ी बात भीषण गर्मी में लोगों का दिमाग गर्म नहीं हुआ और आयोजन सफल हुआ। जब भीषण गर्मी में विराट आयोजन सफल हो जाए तो समझो सेना रामजी वाली है और जब सेना रामजी वाली हनुमान की तरह जिसके साथ लग जाए तो समझो उदय का प्रताप उदय हो रहा है।

उन्होंने आगे कहा कि देश के अंदर सनातन धर्म के खिलाफ रावणी सेना एकजुट है इसलिए धर्म और राष्ट्र की रक्षा के लिए रामजी की सेना बनो और हनुमानजी की तरह राम विरोधियों का नाश करो, तभी धर्म और राष्ट्र की रक्षा होगी। कहा, अगली बार जब प्रयागराज आऊंगा सभी कार्यकर्ताओं से भेंट करूंगा।

इस अवसर पर समिति के अध्यक्ष डॉ उदय प्रताप सिंह ने पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की विदाई की और कार्यकर्ताओं के प्रति आभार व्यक्त किया। समिति के उपाध्यक्ष एवं प्रवक्ता राजेश केसरवानी ने बताया कि इस अवसर पर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने सभी कार्यकर्ताओं को बालाजी सरकार का भभूत और प्रसाद वितरण किया और बागेश्वर धाम आने के लिए निमंत्रण दिया। तत्पश्चात नागपुर महाराष्ट्र में होने वाली श्री राम कथा के लिए सभी को आमंत्रित करते हुए प्रस्थान किया।

इस दौरान कार्यकर्ताओं ने महाराज को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। संचालन महामंत्री अभिषेक ठाकुर ने किया। इस अवसर पर निखिल पांडे, शिवम अग्रहरी, रोशनी अग्रवाल, बबलू पांडे, प्रवीण केसरवानी, आलोक केसरवानी, पार्षद राकेश जायसवाल, शत्रुघ्न जायसवाल, अभिलाष केसरवानी, सुनील केसरवानी, आकांक्षा जायसवाल, गोपाल केसरवानी, सतीश चंद्र केसरवानी आदि सैकड़ो समिति के कार्यकर्ता उपस्थित रहे।