तालाब सुंदरीकरण में गड़बड़ी का आरोप, विधायक की सख्ती के बाद जांच टीम ने किया स्थलीय निरीक्षण
तालाब सुंदरीकरण में गड़बड़ी का आरोप, विधायक की सख्ती के बाद जांच टीम ने किया स्थलीय निरीक्षण
मीरजापुर, 09 मार्च। मीरजापुर के नरायनपुर ब्लॉक के बैकुंठपुर गांव में निर्माणाधीन तालाब सुंदरीकरण योजना में अनियमितता के आरोप सामने आए हैं। ग्रामीणों की शिकायत और चुनार विधायक की नाराजगी के बाद सोमवार को जांच टीम मौके पर पहुंची और निर्माण कार्य का निरीक्षण किया।
विकास खंड नरायनपुर के ग्राम बैकुंठपुर में निर्माणाधीन तालाब के सुंदरीकरण कार्य को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। ग्रामीणों और स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि निर्माण कार्य में सरकारी प्रोजेक्ट डिजाइन और मानकों की अनदेखी की जा रही है। मामले को गंभीरता से लेते हुए चुनार विधायक अनुराग सिंह की नाराजगी के बाद सोमवार को जांच टीम ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया।
बताया गया कि करीब तीन करोड़ तैंतीस लाख रुपये की लागत से बैकुण्ठेश्वर महादेव मंदिर और तालाब के सुंदरीकरण की योजना पर्यटन विभाग के माध्यम से कराई जा रही है। लेकिन निर्माण कार्य को लेकर ग्रामीणों ने कई अनियमितताओं की शिकायत विधायक अनुराग सिंह से की थी।
ग्रामीणों की शिकायत पर विधायक ने कुछ दिन पहले स्वयं मौके का निरीक्षण किया था और कार्य की गुणवत्ता पर नाराजगी जताते हुए जांच होने तक कार्यदायी ठेकेदार की दूसरी किस्त रोकने का निर्देश पर्यटन सूचना अधिकारी बृजेश यादव को दिया था।
विधायक के निर्देश पर परियोजना प्रोजेक्ट मैनेजर अनिल कुमार सिंह, सहायक परियोजना अधिकारी सुजीत सिंह और जेई धीरज सरोज सोमवार को बैकुंठपुर पहुंचकर निर्माण कार्य का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान मौजूद भाजपा कार्यकर्ता सुमित कुमार जायसवाल, अश्विनी उपाध्याय, शिव जायसवाल, सागर पटेल, दिलीप कश्यप और अनिल मौर्य ने जांच टीम के सामने आरोप लगाया कि तालाब का निर्माण सरकारी डिजाइन को दरकिनार कर मनमाने ढंग से कराया जा रहा है। उनका कहना था कि तालाब के चारों ओर बनाए गए पाथवे के कोनों को सुगम बनाने के बजाय असमान तरीके से तैयार किया गया है, जिससे किनारे पर टहलना मुश्किल हो गया है।
आरोप यह भी लगाया गया कि कोबल स्टोन की जगह जिग-जैक लगाया गया है और पानी के स्तर के अनुसार ऊंचाई भी नहीं दी गई है। भाजपा कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों ने इस्टिमेट में संशोधन कर सीढ़ियों के स्टेप बढ़ाने और तालाब के चारों ओर सुगम पाथवे बनाने की मांग की। जांच टीम ने ग्रामीणों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए निरीक्षण किया और रिपोर्ट तैयार कर संबंधित अधिकारियों को भेजने की बात कही। वहीं ग्रामीणों को उम्मीद है कि जांच के बाद निर्माण कार्य में सुधार कराया जाएगा।