प्रशिक्षु आईएएस दल ने कायमगंज सीएचसी का किया निरीक्षण, गंदगी देख जताई नाराजगी
प्रशिक्षु आईएएस दल ने कायमगंज सीएचसी का किया निरीक्षण, गंदगी देख जताई नाराजगी
फर्रुखाबाद, 13 नवंबर । उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले में प्रशिक्षण के लिए आए आईएएस अधिकारियों का दल गुरुवार को कायमगंज पहुंचा। प्रशिक्षु आईएएस शंकर पांडेयान, खेतदान, अक्षय, नंदना, गौरव, सिद्धार्थ, दिव्यांशी, कृष्णकांत, राहुल चौधरी, साई भार्गव, आदित्य और प्रवीन जाधव ने अपनी टीम के साथ नगर की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। सबसे पहले दल नगर पालिका कार्यालय पहुंचा, जहां चेयरमैन डॉ. शरद गंगवार ने सभी प्रशिक्षु आईएएस अधिकारियों का स्वागत किया और उन्हें शील्ड भेंटकर सम्मानित किया।
इसके बाद दल तहसील रोड स्थित परिषदीय विद्यालय कुकीखेल पहुंचा, जहां अधिकारियों ने बच्चों से उनकी पढ़ाई और कक्षा संबंधी जानकारी ली। बताया गया कि स्कूल शिक्षा मित्रों के हवाले चल रहा है और नगरीय क्षेत्र के विद्यालयों में शिक्षकों की भारी कमी है। आठ स्कूलों में मात्र एक स्थायी शिक्षक तैनात है। इसके बाद दल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचा।
अधीक्षक डॉ. शोभित कुमार ने बताया कि अस्पताल में रोजाना 600 से अधिक ओपीडी होती है और हर महीने करीब 400 प्रसूताओं का प्रसव कराया जाता है। जब एक प्रशिक्षु आईएएस ने पूछा कि दवाएं उपलब्ध होने के बावजूद मरीज बाहर से दवाएं क्यों खरीदते हैं, तो अधीक्षक ने जवाब दिया कि कई मरीज बाहर से इलाज कराकर आते हैं, जिनकी दवाएं यहां उपलब्ध नहीं होतीं। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सफाई व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। शौचालय में पीक से सने वाशबेसिन को देखकर एक अधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने वाशबेसिन की टोटी खोलकर पानी जांचा, तो पानी नहीं निकला। इस पर अधीक्षक ने सफाई दी कि किसी ने पानी बंद कर दिया है। यहां से दल डिलीवरी रूम भी देखने पहुंचा, जहां सफाई व्यवस्था से वे संतुष्ट नजर आए।
इसके बाद प्रशिक्षु आईएएस का दल लुधईया गांव के पास अचरा रोड स्थित एमआरएफ सेंटर पहुंची। वहां उन्होंने कूड़े से जैविक खाद बनाने की प्रक्रिया देखी। बताया गया कि चार किलो का जैविक खाद का पैकेट 60 रुपये में तैयार हो जाता है। दल ने नगर से आने वाले मिक्स कूड़े को अलग करने की प्रक्रिया और कटिंग मशीन कक्ष का भी निरीक्षण किया। मशीन बंद मिलने पर अधिकारियों ने उसे चालू करने के निर्देश दिए, जिस पर कर्मचारी ने बिजली समस्या की जानकारी दी। निरीक्षण के बाद प्रशिक्षु आईएएस अधिकारियों ने झाड़ू उठाकर स्वयं सफाई अभियान चलाया और ग्रामीणों को स्वच्छता के लिए प्रेरित किया। एमआरएफ सेंटर परिसर में पौधारोपण कर टीम ने अपने निरीक्षण का समापन किया।