नेताजी सुभाष चंद्र बोस ‘स्वतंत्रता के संकल्प’ के महान प्रतीक थे: केशव प्रसाद मौर्य
नेताजी सुभाष चंद्र बोस ‘स्वतंत्रता के संकल्प’ के महान प्रतीक थे: केशव प्रसाद मौर्य
लखनऊ,23 जनवरी । भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जन्म-जयंती पर उन्हें याद किया। उप मुख्यमंत्री ने अपने सोशल मीडिया एकाउंट एक्स पर लिखा कि बंगाल की पावन भूमि से आने वाले, भारत माता के अमर सपूत नेताजी सुभाष चंद्र बोस केवल एक क्रांतिकारी नहीं, बल्कि भारत की आत्मा में धड़कते स्वाभिमान, साहस और ‘स्वतंत्रता के संकल्प’ के महान प्रतीक थे। उनके विचार आज भी हमें यह सिखाते हैं कि राष्ट्र के लिए संघर्ष और समर्पण ही कर्तव्य की जीवित परंपरा है। मणिपुर की पावन धरती मोइरांग, उस ऐतिहासिक क्षण की साक्षी बनी, जब नेताजी की आज़ाद हिंद फ़ौज ने पहली बार भारतीय भूमि पर झंडा फहराकर गुलामी की जड़ों को चुनौती दी। यह एक उद्घोष था कि अब भारत न ही झुकेगा, न ही रुकेगा और न ही पराधीनता के बंधनों को स्वीकार करेगा।केशव प्रसाद मौर्य ने आगे लिखा आज नेताजी को स्मरण करना उस संकल्प को स्मरण करने का समय है, जिसमें हम राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखेंगे, एकता को अपनी सबसे बड़ी शक्ति बनाएंगे और भारत को आत्मनिर्भर, सशक्त व सुरक्षित बनाने के लिए निरंतर पूरे मनोयोग से कार्य करते रहेंगे। नेताजी की प्रेरणा आज भी हर भारतीय से यही कहती है, स्वतंत्रता की रक्षा भी उतनी ही पवित्र है, जितनी स्वतंत्रता की प्राप्ति।