कान्हा के 5253वें जन्मोत्सव के साक्षी होंगे 75 लाख से अधिक श्रद्धालु, मुख्यमंत्री योगी देंगे विकास की सौगात
कान्हा के 5253वें जन्मोत्सव के साक्षी होंगे 75 लाख से अधिक श्रद्धालु, मुख्यमंत्री योगी देंगे विकास की सौगात
मथुरा, 01 सितंबर । भगवान श्रीकृष्ण के 5253वें जन्मोत्सव के अवसर पर इस बार कान्हा की नगरी मथुरा और वृंदावन में आस्था का विराट संगम देखने को मिलेगा। आगामी चार सितंबर को पड़ने वाले श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर्व पर देश-दुनिया से 75 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। इतनी बड़ी संख्या में आने वाले भक्तों के स्वागत और सुविधाओं के लिए ब्रज नगरी पूरी तरह सजकर तैयार है। मंदिरों से लेकर प्रमुख मार्गों और चौराहों तक की व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा चुका है।
लाखों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा, यातायात, दर्शन, पेयजल, साफ-सफाई और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर व्यापक तैयारियां की हैं। जनपद में बाहरी जिलों से अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है, और सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं। होटल, होमस्टे और धर्मशालाओं की सघन चेकिंग की जा रही है, साथ ही रेलवे और रोडवेज के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुचारु रखने के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
इस भव्य आयोजन में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी दो दिवसीय दौरे पर 3 सितंबर को मथुरा पहुंचेंगे। अपने इस दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ब्रज तीर्थ विकास परिषद की समीक्षा बैठक करेंगे और करोड़ों रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास करेंगे। इसके अलावा, वह 3 सितंबर को
ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में दर्शन-पूजन करेंगे और 4 सितंबर को श्री कृष्ण जन्मभूमि पहुंचकर गौ-पूजन व दर्शन करेंगे।
जन्मोत्सव को और अधिक आकर्षक बनाने के लिए 2 से 5 सितंबर तक ब्रज क्षेत्र में वृहद सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें देश के 25 से अधिक नामचीन कलाकार अपनी प्रस्तुतियां देंगे। वहीं, वृंदावन के बांके बिहारी मंदिर में भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए उच्चतम न्यायालय की समिति के निर्देशों के तहत मंगला आरती के दौरान केवल 600 पास धारकों को प्रवेश की अनुमति दी गई है। इसके साथ ही शहर में जगह-जगह बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाई गई हैं ताकि श्रद्धालु लाइव स्ट्रीमिंग के जरिए आसानी से दर्शन कर सकें। प्रशासन ने देश-विदेश से आने वाले सभी श्रद्धालुओं से यातायात डायवर्जन और पार्किंग व्यवस्था में सहयोग करने तथा नियमों का पालन करने की अपील की है।
मुख्यमंत्री योगी का दो दिवसीय कार्यक्रम का मिनट टू मिनट
3 सितंबर दोपहर 1:00 बजे पवनहंस हेलीपैड, वृंदावन पर राजकीय हेलीकॉप्टर से आगमन
3 सितंबर 1:10–1:20 बजे भक्ति स्थल मार्ग का भ्रमण एवं सुंदरीकरण कार्यों का निरीक्षण
3 सितंबर 1:25–2:30 बजे गीता शोध संस्थान, वृंदावन में विश्राम
3 सितंबर 2:30–3:30 बजे ब्रज तीर्थ विकास परिषद की समीक्षा बैठक
3 सितंबर 3:30–5:00 बजे करोड़ों की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास, वृक्षारोपण, संत सम्मान एवं प्रमाण पत्र वितरण
3 सितंबर 5:10–5:40 बजे ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में दर्शन एवं विशेष पूजन
3 सितंबर शाम 6:10 बजे अशोका अतिथि गृह, मथुरा आगमन एवं रात्रि विश्राम
4 सितंबर सुबह 9:55 बजे श्रीकृष्ण जन्मभूमि परिसर के गेट नंबर-2 पर आगमन
4 सितंबर 9:55–10:05 बजे जन्मभूमि परिसर में भव्य गौ-पूजन
4 सितंबर 10:05–10:35 बजे श्रीकृष्ण जन्मभूमि में दर्शन एवं पूजन
4 सितंबर सुबह 11:10 बजे राजकीय हेलीकॉप्टर से मथुरा से प्रस्थान
जन्मोत्सव के साथ विकास का भी संदेशमुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह दौरा धार्मिक आयोजनों के साथ ब्रज के विकास के लिहाज से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास के माध्यम से सरकार ब्रज क्षेत्र में पर्यटन, धार्मिक स्थलों और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को और मजबूत करने का संदेश देगी।
प्रशासनिक अमला मुस्तैद, वरिष्ठ अधिकारियों ने किया जन्मभूमि परिसर का निरीक्षण
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर्व के मद्देनजर सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और यातायात प्रबंधन को पुख्ता रखने के लिए शीर्ष प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों ने मंगलवार को श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर परिसर का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अपर पुलिस महानिदेशक सुवेंद्र कुमार भगत, मंडलायुक्त नगेन्द्र प्रताप, पुलिस उपमहानिरीक्षक शैलेश कुमार पाण्डेय, जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने संयुक्त रूप से मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों का जायजा लिया। अधिकारियों ने मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ नियंत्रण के उपायों और सीसीटीवी कैमरों के जरिए की जा रही निगरानी की गहन समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान सभी संवेदनशील स्थलों पर अतिरिक्त सतर्कता बरतने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। पर्व के दौरान देश-विदेश से आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सुचारू यातायात प्रबंधन और कानून-व्यवस्था को पूरी तरह से सुदृढ़ बनाए रखने के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि श्रद्धालु बिना किसी असुविधा के सुरक्षित माहौल में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव के दर्शन और पूजन कर सकें।----------------