स्वदेशी से आत्मनिर्भर देश बनने की ओर बढ़ता नया भारत : डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय
स्वदेशी से आत्मनिर्भर देश बनने की ओर बढ़ता नया भारत : डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय
प्रयागराज, 13 नवंबर । कांग्रेस शासन में भारत ‘सोने की चिड़िया’ होते हुए भी केवल सत्ता की चकाचौंध और चावल–चीनी–चाय के निर्यात तक सीमित रहा। विदेशों से आयात में भ्रष्टाचार की संभावनाएं बढ़ाई गईं। वहीं अटल बिहारी वाजपेयी ने 24 दलों के साथ मिलकर स्वदेशी को प्रोत्साहित किया और पोखरण परमाणु परीक्षण से भारत को गति दी। यह बातें गुरूवार को आत्मनिर्भर भारत संकल्प अभियान- प्रोफेशनल सम्मेलन यमुनापार में मुख्य अतिथि एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय ने कही।
महेन्द्र नाथ पांडेय ने कहा कि मनमोहन सिंह को कभी जनादेश नहीं मिला। फिर भी वह दस वर्षों तक सरकार चलाते रहे। यह लोकतंत्र का सबसे बड़ा मज़ाक था। अब जब जनता ने मजबूत वैचारिक सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रूप में देश को दी, तबसे स्वदेशी और आत्मनिर्भर भारत का अभियान अभूतपूर्व गति से आगे बढ़ा है। उन्होंने कहा कि भारत आज विश्व में खादी उत्पादन में शीर्ष पर है और “मेक इन इंडिया” की अवधारणा ने देश को नई दिशा दी है। मोदी सरकार ने 230 करोड़ वैक्सीन नि:शुल्क घर-घर पहुंचाकर न केवल भारतवासियों बल्कि विश्व को भी वैक्सीन उपलब्ध कराई। उन्होंने कहा कि “जब प्रधानमंत्री मोदी ने वैज्ञानिकों को प्रोत्साहित किया तो भारत ने पीपी किट तक का निर्यात शुरू किया। यही आत्मनिर्भर भारत का सार है।”
पूर्व केंद्रीय मंत्री ने प्रयागराज के प्रबुद्ध समाज से अपील करते हुए कहा कि जनमत को जोड़कर देश की विध्वंसकारी शक्तियों से बचाने की जिम्मेदारी अधिवक्ता एवं प्रबुद्ध वर्ग की है। उन्होंने कहा कि “अमेरिका जैसे देशों को भारत की मजबूती और प्रगति रास नहीं आती लेकिन भारत को कोई तोड़ नहीं सकता। हमारे पास संस्कार, संकल्प और स्वदेशी का बल है।”
कार्यक्रम की अध्यक्षता एवं स्वागत भाषण भाजपा यमुनापार जिलाध्यक्ष राजेश शुक्ल ने किया। कार्यक्रम को मुख्य स्थाई अधिवक्ता एस.पी. गौड़, पूर्व अपर महाधिवक्ता व इलाहाबाद लोकसभा प्रत्याशी रहे नीरज त्रिपाठी, करछना विधायक पियूष रंजन निषाद आदि ने भी सम्बोधित किया।