प्रयागराज में दिल दहला देने वाली घटना: नर्सिंग छात्रा का शव फंदे से लटका मिला, आत्महत्या की आशंका
प्रयागराज में दिल दहला देने वाली घटना: नर्सिंग छात्रा का शव फंदे से लटका मिला, आत्महत्या की आशंका
प्रयागराज, 17 जुलाई । प्रयागराज के शंकरगढ़ थाना क्षेत्र के बेनीपुर गांव में बुधवार, 16 जुलाई को एक हृदय विदारक घटना सामने आई, जहां एक निजी नर्सिंग कॉलेज की छात्रा का शव उसके किराए के कमरे में फंदे से लटका मिला। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, हालांकि मौत के सही कारणों का पता लगाने के लिए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
यह दुखद घटना बेनीपुर गांव में अरुण कुमार के मकान में घटित हुई, जहां 21 वर्षीय रंजीता निषाद पिछले कुछ समय से कमरा लेकर रह रही थी। बताया जा रहा है कि बुधवार को दिन के समय जब रंजीता के कमरे का दरवाजा काफी देर तक नहीं खुला और अंदर से कोई हलचल नहीं हुई, तो मकान मालिक या आस-पास के लोगों को संदेह हुआ। भीतर झांकने पर उन्हें रंजीता का शव पंखे से फंदे के सहारे लटका हुआ दिखा, जिसके बाद उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचित किया। इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और लोग स्तब्ध रह गए।
मृतका की पहचान कौशाम्बी जनपद के पश्चिम शरीरा थाना क्षेत्र स्थित डेरावल गांव निवासी राज बहादुर की पुत्री रंजीता निषाद (21 वर्ष) के रूप में हुई है। रंजीता अपने भविष्य को संवारने और नर्सिंग के क्षेत्र में करियर बनाने के सपने लिए प्रयागराज आई थी। वह बेनीपुर गांव में अरुण कुमार के मकान में किराए पर रहकर शहर के एक प्रतिष्ठित निजी नर्सिंग कॉलेज में पढ़ाई कर रही थी। उसके अचानक इस तरह दुनिया छोड़ जाने से परिवार में गहरा शोक है और माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है।
इस पूरे मामले पर जानकारी देते हुए पुलिस उपायुक्त यमुनानगर विवेक चन्द्र यादव ने बताया कि बुधवार सुबह शंकरगढ़ थाने को एक छात्रा द्वारा कमरे के भीतर फांसी लगाकर आत्महत्या करने की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना के मिलते ही, थानाध्यक्ष के नेतृत्व में पुलिस की एक टीम तुरंत मौके पर रवाना की गई। टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और प्रारंभिक जांच के बाद शव को पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
पुलिस ने बताया कि छात्रा ने यह आत्मघाती कदम क्यों उठाया, इस संबंध में अभी तक कोई ठोस जानकारी नहीं मिल पाई है। मौके से कोई सुसाइड नोट भी बरामद नहीं हुआ है, जिससे मामले की गुत्थी और उलझ गई है। पुलिस अब रंजीता के परिजनों, दोस्तों और कॉलेज के सहपाठियों से पूछताछ कर रही है ताकि घटना के पीछे के संभावित कारणों, जैसे पढ़ाई का दबाव, व्यक्तिगत समस्याएँ, या किसी अन्य तनाव का पता लगाया जा सके। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मृत्यु के वास्तविक कारणों और परिस्थितियों पर स्पष्टता आ पाएगी, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।