श्रीराम-जानकी विवाह प्रसंग सुनकर भावविभोर हुए श्रद्धालु

श्रीराम-जानकी विवाह प्रसंग सुनकर भावविभोर हुए श्रद्धालु

श्रीराम-जानकी विवाह प्रसंग सुनकर भावविभोर हुए श्रद्धालु

मुरादाबाद, 30 अक्टूबर   कुंज बिहारी महिला मंडल के तत्वावधान में सिविल लाइन स्थित पुलिस लाइन मंदिर में आयोजित संगीतमय नवदिवसीय श्री राम कथा के पंचम दिन गुरुवार को कथावाचक आचार्य व्योम त्रिपाठी ने श्रीराम-जानकी विवाह प्रसंग सुनाया तो सभी श्रद्धालु भावविभोर हो गए। श्रीराम-जानकी विवाह के भजन सुनकर पूरा पंडाल जय श्रीराम के उदघोष से गुंजायमान हो उठा।

इस दौरान आचार्य व्योम त्रिपाठी ने कहा कि भक्ति का भाव हो तो भगवान अपनी उपस्थिति अवश्य दर्ज करवाते हैं। इसलिए अपने इष्ट के प्रति आस्था रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि भगवान ने सबको बहुत कुछ दिया है, उसका ऋण कभी चुकाया नहीं जा सकता। इसलिए हर व्यक्ति अपने सुख-दुख को प्रसाद समझकर ग्रहण करें और प्रभु का स्मरण करें। उन्होंने आगे कहा प्रभु श्री राम जी की चरण रज को प्राप्त कर अहिल्या का उद्धार हुआ, यह प्रभु श्री राम जी के चरणों का प्रताप है। जो भी भगवान श्री राम के चरणों से स्नेह करता है, उसका कल्याण संभव हो जाता है।

कथावाचक ने श्री राम व जानकी जी का विवाह, जीवात्मा और परमात्मा के मिलन का प्रतीक है। कथा के अंतर्गत उन्होंने लोगों को पर्यावरण के प्रति भी समाज को जागृत करते हुए कहा कि यह प्रकृति हमारी मां है । इसी से हमारा जीवन गतिमान है। अगर इसी प्रकार हम प्रकृति का दोहन करते रहे, तो हमारा अस्तित्व खतरे में आ जाएगा। यदि अभी भी हम पर्यावरण के संरक्षण हेतु जागृत न हुए तो हम अपने अस्तित्व को भी सुरक्षित नहीं कर पाएंगे।मुख्य यजमान डॉ. शशि अरोड़ा व अशोक अरोड़ा रहे। दैनिक यजमान देवेंद्र कत्याल, रीता कात्याल, किरन सिक्का रहीं।

व्यवस्था में निमित जायसवाल, मानवी मुंजियाल, श्वेता कपूर, अंजू भाटिया, शिखा मल्होत्रा, वीना सचदेवा, मोनिका अग्रवाल, मीरा गुप्ता, शिक्षा गोयल डॉ. कविता भटनागर, डॉ. अंशू सरीन, डॉ. गीता परिहार, नीलम अग्रवाल, शिवानी शर्मा, चेतना खंडेलवाल आदि उपस्थित रहीं।