खादी ग्रामोद्योग प्रदर्शनी में लाेगाें काे आकर्षित कर रहें कुटीर एवं लघु उद्योग के उत्पाद

खादी ग्रामोद्योग प्रदर्शनी में लाेगाें काे आकर्षित कर रहें कुटीर एवं लघु उद्योग के उत्पाद

खादी ग्रामोद्योग प्रदर्शनी में लाेगाें काे आकर्षित कर रहें कुटीर एवं लघु उद्योग के उत्पाद

कानपुर, 13 फरवरी । उप्र खादी तथा ग्रामोद्योग बोर्ड, द्वारा आयोजित मंडल स्तरीय नौ से 18 फरवरी तक 10 दिवसीय खादी एवं ग्रामोद्योग प्रदर्शनी बृजेन्द्र स्वरूप पार्क में संचालित है। प्रदर्शनी में खादी, ग्रामोद्योग, माटीकला, जिला उद्योग केंद्र एवं स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों के कुल 105 स्टॉल लगाए गए हैं। आयोजन का उद्देश्य ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों की कुटीर और लघु इकाइयों को बाजार उपलब्ध कराना तथा स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देना है।

परिक्षेत्रीय ग्रामोद्योग अधिकारी अशोक कुमार शर्मा ने बताया कि प्रदर्शनी में शुक्रवार को नगरवासियों की भारी भीड़ उमड़ी और खादी परिधानों, हस्तशिल्प व दैनिक उपयोग की वस्तुओं की जमकर खरीदारी हुई। राजस्थान से आए “कुम्मावत नमकीन उद्योग” के स्टॉल पर शुद्ध बेसन से बनी भुजिया, मिक्स नमकीन और बेसन के गट्टे की विशेष मांग रही। “कल्पतरू सेवा संस्थान” के खादी वस्त्रों की बिक्री भी उल्लेखनीय रही। देहरादून के व्यापारी द्वारा जूट से निर्मित लेडीज चप्पलें आकर्षण का केंद्र रहीं, जबकि “सक्षम इंटरप्राइजेज” के ‘मॉम मसाले’ को भी अच्छा प्रतिसाद मिला। फर्म की संचालिका अर्चना श्रीवास्तव ने बताया कि मसालों का निर्माण महिलाओं द्वारा किया जाता है, जिससे उन्हें रोजगार और आत्मनिर्भरता मिल रही है।

कार्यक्रम के दौरान सुशील (शक्तिमान) एंड ग्रुप, कानपुर द्वारा खादी विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर स्वदेशी अपनाने का संदेश दिया गया। प्रदर्शनी स्थानीय उद्यमियों के लिए आर्थिक सशक्तिकरण का प्रभावी मंच बन रही है।

कार्यक्रम में सुरेश गुप्ता, अध्यक्ष, ग्रामोद्योग महासंघ, मनोज पाठक, राजीव द्विवेदी, वरुण जौहरी, हरेंद्र निषाद, राकेश गुप्ता, राजेश कुमार एवं विवेक त्रिवेदी सहित बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।