भाजपा ने जाति आधारित जनगणना पर सपा प्रमुख की टिप्पणी को बताया बौद्धिक खोखलापन

भाजपा ने जाति आधारित जनगणना पर सपा प्रमुख की टिप्पणी को बताया बौद्धिक खोखलापन

भाजपा ने जाति आधारित जनगणना पर सपा प्रमुख की टिप्पणी को बताया बौद्धिक खोखलापन

लखनऊ, 25 जनवरी। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) उत्तर प्रदेश के प्रदेश प्रवक्ता हरिश्चंद्र श्रीवास्तव ने आज समाजवादी पार्टी (सपा)के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव द्वारा जातिगत जनगणना पर दी गई टिप्पणी पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि सपा मुखिया का समाचारपत्रों में प्रकाशित यह बयान कि “जनगणना में जाति का कोई कॉलम नहीं होगा”- इसे बौद्धिक खोखलापन कहा जाए या राजनीतिक हताशा-निराशा, यह तो देश और प्रदेश की जागरूक जनता स्वयं तय करेगी।

प्रदेश प्रवक्ता हरिश्चंद्र श्रीवास्तव ने अपनी प्रतिक्रिया में आगे कहा कि दुर्भाग्यपूर्ण यह है कि एक पूर्व मुख्यमंत्री और वर्तमान सांसद होने के बावजूद, सपा प्रमुख अपनी ही पार्टी के सांसदों, विधायकों और कार्यकर्ताओं के बीच अपनी विश्वसनीयता को कमजोर कर रहे हैं। भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा केंद्रीय जनगणना अधिनियम, 1948 के अंतर्गत 22 जनवरी 2026 को जारी राजाज्ञा के बिंदु संख्या 12 में अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग सहित अन्य वर्गों के विवरण को दर्ज किए जाने का स्पष्ट प्रावधान किया गया है। ऐसे में सपा अखिलेश यादव को जनता को भ्रमित करने के बजाए पहले स्वयं राजाज्ञा का अध्ययन कर अपने भ्रम को दूर करना चाहिए। देश की जनता तथ्यों को जानती है और गुमराह होने वाली नहीं है।