चार लाख से अधिक किशोरियों को मिला सर्वाइकल कैंसर से बचाव का सुरक्षा कवच
चार लाख से अधिक किशोरियों को मिला सर्वाइकल कैंसर से बचाव का सुरक्षा कवच
लखनऊ, 18 जुलाई। उत्तर प्रदेश में किशोरियों को सर्वाइकल (गर्भाशय ग्रीवा) कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से संचालित ह्यूमन पैपिलोमा वायरस (एचपीवी) टीकाकरण अभियान ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। मार्च 2026 में शुरू किए गए विशेष अभियान के तहत प्रदेश में अब तक 14–15 वर्ष आयु वर्ग की चार लाख से अधिक किशोरियों का सफलतापूर्वक टीकाकरण किया जा चुका है। यह उपलब्धि बालिकाओं के स्वास्थ्य संरक्षण के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
अपर मुख्य सचिव, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, अमित घोष ने कहा, "किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाने के लिए एचपीवी टीकाकरण एक महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्वास्थ्य हस्तक्षेप है। प्रदेश सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि प्रदेश की प्रत्येक पात्र किशोरी तक यह जीवनरक्षक टीका पहुंचे। उन्होंने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपनी पात्र बेटियों का समय पर एचपीवी टीकाकरण अवश्य कराएं तथा किसी भी प्रकार की भ्रांतियों पर ध्यान न दें।"
राज्य प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. अजय गुप्ता ने बताया कि प्रदेश में 24 लाख पात्र किशोरियों के एचपीवी टीकाकरण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके अंतर्गत अब तक चार लाख से अधिक किशोरियों का सफलतापूर्वक टीकाकरण किया जा चुका है। ।
जिन जनपदों में एचपीवी टीकाकरण की प्रगति अपेक्षाकृत कम है, वहां विशेष रणनीति के तहत अभियान को गति दी जा रही है। राज्य स्तर से नियमित समीक्षा, फील्ड मॉनिटरिंग, स्वास्थ्य एवं शिक्षा विभाग के बेहतर समन्वय तथा सामुदायिक जागरूकता गतिविधियों को और सुदृढ़ किया गया है, ताकि कोई भी पात्र किशोरी एचपीवी टीकाकरण से वंचित न रहे।
महाप्रबंधक (नियमित टीकाकरण), राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, डॉ. मनोज शुक्ला ने बताया कि पात्र किशोरियों के लिए एचपीवी टीका नियमित टीकाकरण के सभी मंचों पर जिला अस्पताल से लेकर स्वास्थ्य उपकेन्द्रों तक निःशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है।