राशन कार्डधारक परिवारों को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ने पर जोर

- हलिया में समीक्षा बैठक, महिला सशक्तीकरण और स्वरोजगार को मिलेगी नई गति

राशन कार्डधारक परिवारों को स्वयं सहायता समूहों से जोड़ने पर जोर

मीरजापुर, 04 अगस्त  आकांक्षी विकास खंड हलिया के सभागार में मंगलवार को राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) विमल प्रकाश पांडेय ने की। बैठक में राशन कार्डधारक परिवारों, विशेषकर महिलाओं, को स्वयं सहायता समूहों से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की रणनीति पर चर्चा की गई।

बीडीओ ने कहा कि नीति आयोग के आकांक्षी ब्लॉक कार्यक्रम के तहत वित्तीय समावेशन, महिला सशक्तीकरण और आजीविका संवर्धन प्रमुख लक्ष्य हैं। उन्होंने निर्देश दिया कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में पात्र राशन कार्डधारक परिवारों की पहचान कर उन्हें स्वयं सहायता समूहों से जोड़ा जाए, ताकि वे बचत, बैंक ऋण, स्वरोजगार और विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकें।

बैठक में ग्रामवार कार्ययोजना तैयार करने, सर्वेक्षण कराने, समूहों से वंचित पात्र परिवारों की सूची बनाने तथा विशेष सदस्यता अभियान चलाने का निर्णय लिया गया। कोटेदारों को राशन वितरण के दौरान पात्र परिवारों को समूहों से जुड़ने के लिए प्रेरित करने और ग्राम प्रधानों व समूह सखियों को घर-घर संपर्क अभियान चलाने की जिम्मेदारी सौंपी गई।

बैठक में एडीओ पंचायत रूपेश श्रीवास्तव, सीएम फेलो गौरव सिंह, एपीओ ज्ञान सिंह, अरुण मिश्रा, पवन तिवारी, काशी मिश्रा, सचिव चंद्र प्रकाश श्रीवास्तव, कौशलेंद्र राय, शैलेंद्र कुमार, बालकृष्ण, मनोज गौड़ सहित कोटेदार और समूह सखियां उपस्थित रहीं।

स्वयं सहायता समूह आत्मनिर्भरता का सशक्त माध्यम

बीडीओ विमल प्रकाश पांडेय ने कहा कि स्वयं सहायता समूह केवल बचत का मंच नहीं, बल्कि महिलाओं के आर्थिक और सामाजिक सशक्तीकरण का प्रभावी माध्यम हैं। समूहों से जुड़कर महिलाएं स्वरोजगार, बैंक ऋण, प्रशिक्षण, उद्यमिता और सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बन सकती हैं।