घर से नाराज होकर दिल्ली जा रहा 15 वर्षीय किशोर ट्रेन में मिला, RPF ने सूबेदारगंज में सुरक्षित उतारकर चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंपा
ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ के तहत आरपीएफ ने 13697 दिल्ली-अमृत भारत एक्सप्रेस के D-8 कोच से किशोर को सुरक्षित बरामद किया। वह कैमूर, बिहार से घर छोड़कर दिल्ली में रहने वाले बड़े पापा के पास जा रहा था।
प्रयागराज, 14 सितंबर । घर से नाराज होकर दिल्ली जा रहे 15 वर्षीय किशोर को रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने सूबेदारगंज रेलवे स्टेशन पर सुरक्षित बरामद कर लिया। ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ के तहत आरपीएफ ने किशोर को आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद चाइल्ड हेल्पलाइन प्रयागराज को सौंप दिया।
13 सितंबर को मंडल नियंत्रण कक्ष प्रयागराज को हेल्पलाइन नंबर 139 के माध्यम से सूचना मिली कि गाड़ी संख्या 13697 दिल्ली-अमृत भारत एक्सप्रेस के डी-8 कोच में एक बच्चा गुमसुम अवस्था में बैठा है। सूचना मिलते ही रैक सुरक्षा ड्यूटी में तैनात हेड कांस्टेबल धर्मेंद्र कुमार गौड़ को इसकी जानकारी दी गई।
ट्रेन रात 11:25 बजे सूबेदारगंज रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर तीन पर पहुंची। आरपीएफ कर्मियों ने तत्काल संबंधित कोच में पहुंचकर बच्चे को सुरक्षित बरामद किया। उसे ट्रेन से उतारकर आरपीएफ पोस्ट सूबेदारगंज लाया गया। पूछताछ में बच्चे ने अपना घर कैमूर, बिहार में बताया। उसने बताया कि वह घर से नाराज होकर नई दिल्ली में रहने वाले अपने बड़े पापा के पास जाने के लिए ट्रेन में सवार हुआ था।
चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंपा
मामले की सूचना संबंधित थाना और चाइल्ड हेल्पलाइन प्रयागराज को दी गई। चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम आरपीएफ पोस्ट सूबेदारगंज पहुंची। आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के बाद सहायक उप निरीक्षक राजेश यादव ने कांस्टेबल शिव प्रकाश की मौजूदगी में किशोर को सुरक्षित रूप से चाइल्ड हेल्पलाइन के सुपुर्द कर दिया।
प्रयागराज मंडल, उत्तर मध्य रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी अमित कुमार सिंह ने कहा कि रेलवे सुरक्षा बल बच्चों की सुरक्षा को लेकर लगातार सतर्क रहता है। ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ के तहत गुमशुदा और घर से बिछड़े बच्चों की पहचान कर उन्हें सुरक्षित संरक्षण तक पहुंचाने का कार्य प्राथमिकता से किया जा रहा है। इस मामले में भी आरपीएफ की तत्परता से किशोर को समय रहते सुरक्षित बरामद कर उचित देखरेख के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन को सौंप दिया गया।