उत्तर प्रदेश आयुर्वेद निदेशालय में निदेशक चैत्रा वी. का औचक निरीक्षण

उत्तर प्रदेश आयुर्वेद निदेशालय में निदेशक चैत्रा वी. का औचक निरीक्षण

उत्तर प्रदेश आयुर्वेद निदेशालय में निदेशक चैत्रा वी. का औचक निरीक्षण

लखनऊ, 31 दिसंबर । आयुर्वेद सेवाएं उत्तर प्रदेश की निदेशक चैत्रा वी. ने बुधवार को जवाहर-इंदिरा भवन स्थित निदेशालय का औचक निरीक्षण कर कार्यालय की कार्यप्रणाली और अनुशासन का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई, ई-ऑफिस प्रणाली और अभिलेखों के रख-रखाव में भारी कमियां पाए जाने पर निदेशक ने सख्त नाराजगी व्यक्त की और सुधार के लिए कड़े निर्देश जारी किए।

निदेशक ने पाया कि निदेशालय के विभिन्न अनुभागों में वर्षों पुरानी पत्रावलियां अव्यवस्थित ढंग से रखी हैं और ई-ऑफिस मॉनिटरिंग का कोई पुख्ता तंत्र मौजूद नहीं है। उन्होंने पुरानी पत्रावलियों की 'वीडिंग' के लिए समिति गठित कर 31 मार्च 2026 तक प्रक्रिया पूरी करने के आदेश दिए। इसके साथ ही, दशकों से एक ही पटल (सीट) पर जमे कर्मचारियों के स्थानांतरण को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि यह प्रशासनिक आवश्यकता है ताकि हर कर्मचारी को प्रत्येक विभाग की जानकारी हो सके। इसे किसी भी प्रकार का उत्पीड़न न समझा जाए।

निदेशक चैत्रा वी. ने अनुशासन और पारदर्शिता पर जोर देते हुए कहा कि व्यवस्था सुधार के कदमों को व्यक्तिगत आरोपों या उत्पीड़न से जोड़ना भ्रामक है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि विभाग में प्रत्येक कर्मचारी का सम्मान सर्वोपरि है और किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को जर्जर फर्नीचर हटाने, विद्युत व्यवस्था दुरुस्त करने और इंटरकॉम स्थापना जैसी व्यवस्थाओं को समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने के निर्देश दिए ताकि निदेशालय एक पारदर्शी और सुव्यवस्थित इकाई के रूप में कार्य कर सके।