हाईकोर्ट ने गौतमबुद्ध नगर के पुलिस कमिश्नर व एसएसपी हापुड़ को तलब किया

हाईकोर्ट ने गौतमबुद्ध नगर के पुलिस कमिश्नर व एसएसपी हापुड़ को तलब किया

हाईकोर्ट ने गौतमबुद्ध नगर के पुलिस कमिश्नर व एसएसपी हापुड़ को तलब किया

प्रयागराज, 06 फ़रवरी। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने हत्या के अभियुक्त पर नरमी बरतने पर नाराज़गी जताते हुए गौतम बुद्ध नगर के पुलिस कमिश्नर और हापुड़ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को तलब कर लिया है।

हापुड़ के कौशल किशोर की अपील पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति सलिल कुमार राय एवं न्यायमूर्ति सत्यवीर सिंह की खंडपीठ ने इस मामले को पुलिस-अपराधी की सम्भावित सांठ-गांठ का उदाहरण बताते हुए दोनों अधिकारियों को 12 फरवरी को दोपहर 2 बजे उपस्थित होने का आदेश दिया है। कोर्ट ने पाया कि पुलिस ने गैर जमानती वारंट के तामीला में लापरवाही बरती, जिससे अपराधी को राहत मिली और न्यायिक प्रक्रिया बाधित हुई।

कौशल किशोर उर्फ बाबा को कोर्ट ने सुनवाई के लिए वारंट जारी कर बुलाया था। सूरजपुर थाना प्रभारी ने कोर्ट में रिपोर्ट दी कि आरोपी का पता सत्यापित नहीं हो पाया और वह घर पर नहीं मिला, इसलिए वारंट वापस किया जा रहा है। यह दावा तब संदिग्ध हो गया, जब आरोपित की ओर से दाखिल हलफनामे में स्वीकार किया गया कि पुलिस 10 जनवरी को उसके घर आई थी और उसे वारंट की जानकारी भी दी थी। इस विरोधाभास को गंभीर मानते हुए कोर्ट ने कहा कि यह पुलिस की मिलीभगत और कर्तव्यहीनता का संकेत देता है।

खंडपीठ ने कहा कि अपराधी स्थानीय पुलिस को मैनेज कर रहा था और वारंट को विफल करने की कोशिश की गई ताकि न्यायालय मेरिट पर सुनवाई न कर सके। कोर्ट ने इसे सेवा में कदाचार, अक्षमता और संभावित अवमानना का मामला माना। साथ ही निर्देश दिया कि वारंट तामीला से जुड़े सभी अधिकारी व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल कर अपनी विफलता का कारण स्पष्ट करें। कोर्ट ने रजिस्ट्रार को आदेश की कॉपी 24 घंटे के भीतर सम्बंधित अधिकारियों और सीजेएम को भेजने का निर्देश दिया है।