प्रयागराज में 11वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: संगम तट पर आठ हजार लोगों ने लिया निरोगी काया का संकल्प

प्रयागराज में 11वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: संगम तट पर आठ हजार लोगों ने लिया निरोगी काया का संकल्प

पवित्र संगम की धरती, धर्म और संस्कृति की नगरी प्रयागराज में आज, 21 जून को, ग्यारहवें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर हजारों की संख्या में (लगभग आठ हजार) योग प्रेमियों और नागरिकों ने ऐतिहासिक संगम तट, जो हिंदू आस्था का एक प्रमुख केंद्र है, पर एक साथ योगाभ्यास कर स्वस्थ और निरोगी जीवन जीने का दृढ़ संकल्प लिया।

कार्यक्रम का आयोजन पूर्ण अनुशासन और उत्साह के साथ किया गया। कार्यक्रम के मुख्य मंच पर, जहां से योगाभ्यास का संचालन हो रहा था, उत्तर प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास मंत्री और स्थानीय विधायक नंद गोपाल गुप्ता 'नंदी', विभिन्न क्षेत्रों के विशिष्ट अतिथि, और जिला प्रशासन के प्रमुख प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे। इन्होंने अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त मास्टर ट्रेनर अरुणेश मित्र के निर्देशन में अन्य प्रतिभागियों के साथ योगाभ्यास किया।

इस विशाल आयोजन की पूर्व संध्या पर ही विस्तृत तैयारियां पूरी कर ली गई थीं। संगम तट पर आठ हजार लोगों के एक साथ सुविधानुसार बैठने के लिए विशाल "ब्लॉक" बनाए गए थे। प्रतिभागियों के बीच उचित शारीरिक दूरी (सोशल डिस्टेंसिंग) का पूरा ध्यान रखा गया था ताकि सभी सुरक्षित और आरामदायक महसूस कर सकें।

इस वर्ष के अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की प्रमुख थीम थी 'योगा फॉर वन अर्थ, वन हेल्थ' (एक पृथ्वी, एक स्वास्थ्य के लिए योग)। यह थीम वैश्विक एकता, पर्यावरण संरक्षण और समग्र स्वास्थ्य के महत्व पर जोर देती है, जिसका अर्थ है कि समस्त मानव जाति को, बिना किसी भेदभा‌व के, पूरी पृथ्वी को एक समान और बेहतर स्वास्थ्य के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए योग को अपनाना चाहिए।

इस भव्य आयोजन को अनुशासन और एकता का रूप देने के लिए योगाभ्यास करने वाले सभी प्रतिभागियों के लिए एक निर्धारित ड्रेस कोड लागू किया गया था, जिससे पूरे कार्यक्रम स्थल पर एकरूपता और सामूहिकता दिखाई दे रही थी।

कार्यक्रम स्थल को और अधिक आकर्षक, प्रेरणादायक और अर्थपूर्ण बनाने के लिए, इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय के ललित कला (फाइन आर्ट्स) विभाग के प्रतिभावान छात्रों द्वारा मनमोहक सैंड आर्ट (रेत कला) का प्रदर्शन किया गया था। इस कलाकृति में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के महत्व और इस वर्ष की अनूठी थीम 'योगा फॉर वन अर्थ, वन हेल्थ' को अत्यंत कलात्मक ढंग से जीवंत किया गया था, जिसने दर्शकों का मन मोह लिया।

योगाभ्यास के सफल समापन के बाद, कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री नंद गोपाल गुप्ता 'नंदी' ने कहा कि यह प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के अथक प्रयासों, दूरदृष्टि और वैश्विक नेतृत्व का ही परिणाम है कि आज योग को पूरी दुनिया में, संयुक्त राष्ट्र द्वारा मान्यता प्राप्त अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में इतनी भव्यता और उत्साह के साथ मनाया जाता है। उन्होंने योग के वैश्विक प्रचार-प्रसार में प्रधानमंत्री की भूमिका की दिल खोलकर सराहना की।

मंत्री ने इस बात पर भी विशेष जोर दिया कि योग केवल कुछ शारीरिक आसनों का समूह नहीं है, बल्कि यह एक पूर्ण जीवन पद्धति है जो शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक कल्याण का मार्ग दिखाता है। उन्होंने कहा कि योग एक पूर्णतः वैज्ञानिक सत्य है जिसके लाभों को आधुनिक विज्ञान और शोध भी अब स्वीकार कर रहा है।

इस प्रकार, प्रयागराज में 11वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पूर्ण उत्साह, भव्यता और सकारात्मक ऊर्जा के साथ मनाया गया, जिसने हजारों लोगों को स्वास्थ्य, शांति और कल्याण के मार्ग पर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया तथा योग के महत्व को एक बार फिर रेखांकित किया।