प्रयागराज में जलभराव का होगा स्थायी समाधान: पूरे शहर का कराया जाएगा सर्वे, महापौर गणेश केसरवानी ने दिए सख्त निर्देश
नगर निगम, PDA और PWD मिलकर बनाएंगे संयुक्त कार्ययोजना; महापौर बोले—सिर्फ दफ्तर में न बैठें अधिकारी, मौके पर जाकर खुद करें जल निकासी का निरीक्षण
प्रयागराज, 22 अगस्त । शहर में जलभराव और जल निकासी की समस्या के स्थायी समाधान के लिए अब पूरे प्रयागराज का सर्वे कराया जाएगा। यह बातें कहते हुए शनिवार को महापौर गणेश केसरवानी ने अधिकारियों को जलभराव वाले क्षेत्रों को चिन्हित कर उनकी समस्या के स्थायी समाधान की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि जलभराव से जुड़ी नागरिकों की शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर तत्काल निस्तारण कराया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
नगर निगम प्रयागराज के स्मार्ट सिटी मीटिंग हॉल में शनिवार को महापौर गणेश केसरवानी की अध्यक्षता में शहर की जल निकासी, वर्षा जलभराव, नाला-नालियों की सफाई, सीवर व्यवस्था और एसटीपी से जुड़े कार्यों की समीक्षा की गई। बैठक में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान पर विस्तार से चर्चा हुई।
महापौर ने कहा कि केवल बारिश के दौरान जलभराव की समस्या का अस्थायी समाधान करने के बजाय ऐसे क्षेत्रों की पहचान की जाए, जहां बार-बार पानी भरता है। इन स्थानों पर जल निकासी की उचित व्यवस्था कर स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने प्रमुख नालों और जल निकासी मार्गों की नियमित सफाई कराने के भी निर्देश दिए।
मौके पर जाकर निरीक्षण करें अधिकारी
महापौर ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे केवल कार्यालय में बैठकर स्थिति की समीक्षा न करें, बल्कि स्वयं मौके पर जाकर जलभराव और जल निकासी से जुड़ी समस्याओं का निरीक्षण करें। निरीक्षण के बाद आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि नागरिकों को बेहतर और सुचारु मूलभूत सुविधाएं मिल सकें।
बैठक में सीवर और सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) से जुड़े कार्यों की भी समीक्षा की गई। संबंधित विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर सीवर और जल निकासी की समस्याओं का शीघ्र निस्तारण करने को कहा गया।
पीडीए और पीडब्ल्यूडी से समन्वय पर जोर
महापौर ने प्रयागराज विकास प्राधिकरण (पीडीए), लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों को आपसी समन्वय से सड़क, नाला और जल निकासी से जुड़े कार्य कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अलग-अलग विभागों के कार्यों में समन्वय की कमी के कारण नागरिकों को परेशानी नहीं होनी चाहिए।
बैठक में जिलाधिकारी मनीष वर्मा, प्रयागराज विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ऋषि राज, नगर आयुक्त सीलम साईं तेजा, अपर नगर आयुक्त शादाब असलम, सहायक नगर आयुक्त, मुख्य अभियंता लोक निर्माण विभाग, गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई, महाप्रबंधक जलकल सहित नगर निगम और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।