इलाहाबाद विश्वविद्यालय: प्रो. नीलम यादव बनीं इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज की निदेशक, जेम पोर्टल के लिए भी नियुक्तियां
इलाहाबाद विश्वविद्यालय: प्रो. नीलम यादव बनीं इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज की निदेशक, जेम पोर्टल के लिए भी नियुक्तियां
प्रयागराज, 08 जुलाई (हि.स.)। इलाहाबाद विश्वविद्यालय ने अपने प्रशासनिक ढांचे में महत्वपूर्ण बदलाव करते हुए प्रो. नीलम यादव को इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज (आईपीएस) का नया निदेशक नियुक्त किया है। यह नियुक्ति विश्वविद्यालय में व्यावसायिक शिक्षा और प्रशिक्षण को और मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।
इलाहाबाद विश्वविद्यालय की जनसम्पर्क अधिकारी (पीआरओ) प्रो. जया कपूर ने इस महत्वपूर्ण जानकारी की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि कुलपति प्रो. संगीता श्रीवास्तव के गहन अनुमोदन के बाद, विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. आशीष खरे की ओर से इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी कर दिए गए हैं। यह दर्शाता है कि यह नियुक्ति शीर्ष विश्वविद्यालय नेतृत्व के पूर्ण समर्थन के साथ हुई है। प्रो. नीलम यादव वर्तमान में सेंटर आफ फूड टेक्नोलॉजी में कोआर्डिनेटर के पद पर सफलतापूर्वक कार्यरत हैं, और उनका लंबा अनुभव इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज को नई दिशा देने में सहायक होगा। इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज विश्वविद्यालय का एक महत्वपूर्ण अंग है जो विभिन्न व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के माध्यम से छात्रों को उद्योग-विशिष्ट कौशल प्रदान करता है।
जेम पोर्टल के लिए भी नई नियुक्तियां
प्रो. जया कपूर ने आगे बताया कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय ने अपनी खरीद प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाने के लिए गवर्नमेंट ई-मार्केटस्पेस (जेम) पोर्टल के प्रबंधन के लिए भी नई जिम्मेदारियां सौंपी हैं। वाणिज्य और व्यवसाय प्रशासन विभाग के दो अनुभवी प्रोफेसरों, प्रो. ज्ञानेंद्र बहादुर सिंह जौहरी और डॉ. अमित मेंगलानी को इलाहाबाद विश्वविद्यालय के जेम पोर्टल का प्रभारी नियुक्त किया गया है।
पीआरओ ने स्पष्ट किया कि इन नियुक्तियों को भी कुलपति प्रो. संगीता श्रीवास्तव की स्वीकृति मिली है और कुलसचिव प्रो. आशीष खरे द्वारा इस संबंध में आदेश जारी कर दिए गए हैं। प्रो. ज्ञानेंद्र बहादुर सिंह जौहरी और डॉ. अमित मेंगलानी संयुक्त रूप से जेम पोर्टल के माध्यम से होने वाली सभी खरीद गतिविधियों की देख-रेख करेंगे। उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी यह सुनिश्चित करना होगी कि जेम पोर्टल के माध्यम से होने वाली सभी खरीद प्रक्रियाएं सुचारू रूप से चलें, नियमों का पालन करें और विश्वविद्यालय के लिए सर्वोत्तम मूल्य प्राप्त हों। यह कदम डिजिटल खरीद को बढ़ावा देने और सरकारी खरीद में अधिकतम पारदर्शिता लाने की दिशा में विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।